Punjab में बड़ी कार्रवाई से नशा तस्करों में मची खलबली

पंजाब

अमृतसर : पंजाब सरकार की नशा मुक्ति मुहिम को मिली मजबूती के बीच अमृतसर ग्रामीण पुलिस और जिला प्रशासन ने नशा तस्करी की काली कमाई से बनी एक शानदार कोठी को ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई थाना घरींडा के अंतर्गत आने वाले जठोल गांव में की गई, जहां पाकिस्तान से जुड़े नशा तस्कर गुरप्रीत सिंह उर्फ बिल्ला ने सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा कर 1.5 करोड़ रुपए कीमत की यह कोठी खड़ी की थी।

फिलहाल बिल्ला जम्मू जेल में बंद है, और इस कार्रवाई से नशा माफिया के बीच खलबली मच गई है। एस.एस.पी. ग्रामीण मनिंदर सिंह ने बताया कि गुरप्रीत बिल्ला लंबे समय से नशा तस्करी का सरगना रहा है। उसके खिलाफ विभिन्न धाराओं में 6 मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें एन.डी.पी.एस. एक्ट के तहत कमर्शियल मात्रा में ड्रग्स के मामले शामिल हैं। इसके अलावा, आधिकारिक सीक्रेट एक्ट के तहत पाकिस्तान के लिए जासूसी का भी आरोप है। बिल्ला पाकिस्तानी तस्करों से हैरोइन मंगवाता था। हाल ही में जम्मू में हुई एक कार्रवाई में उसके नेटवर्क से 36 किलोग्राम हैरोइन बरामद हुई थी, जिसमें तीन पाकिस्तानी नागरिक एनकाऊंटर में मारे गए थे।

पुलिस के अनुसार, नशा बिक्री से कमाई गई काली पूंजी से बिल्ला ने सरकारी जमीन पर यह अवैध निर्माण करवाया था। जिला प्रशासन द्वारा कब्जे की पुष्टि के बाद ग्रामीण पुलिस की मदद से बुलडोजर चलाकर कोठी को ध्वस्त कर दिया गया। पूरी संपत्ति अब सरकार के नाम दर्ज हो चुकी है। एसएसपी मनिंदर सिंह ने कहा, “नशे के खिलाफ हमारी लड़ाई केवल कानूनी कार्रवाई तक सीमित नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी है। जो तस्कर पंजाब के नौजवानों को बर्बाद कर काली कमाई से महल खड़े करते हैं, उन्हें किसी सूरत बख्शा नहीं जाएगा।” उन्होंने आगे बताया कि बिल्ला के साथियों और परिवार के अन्य सदस्यों के खिलाफ भी कई एफआईआर दर्ज हैं। अमृतसर ग्रामीण पुलिस नशा माफिया, तस्करों और उनके सहयोगियों के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। जिसकी रफ्तार और तेज की जाएगी। इस कार्रवाई से न केवल तस्करों को आर्थिक नुकसान हुआ है, बल्कि पूरे इलाके में नशा विरोधी संदेश भी फैला है।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry