धमतरी: जिले के नगरी थाना क्षेत्र में मछली कारोबारी विप्लव मंडल की हत्या के मामले का पुलिस ने महज 48 घंटे में पर्दाफाश कर दिया है। इस सनसनीखेज वारदात को किसी बाहरी अपराधी ने नहीं, बल्कि मृतक के यहाँ काम करने वाले मजदूरों ने ही अंजाम दिया था। पुलिस ने इस मामले में दो नाबालिगों समेत कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
⚔️ घात लगाकर की गई हत्या
व्यापारी विप्लव मंडल शनिवार को बाजार से मछली बेचकर घर लौट रहा था। गोरेगांव-भैंसामुड़ा मार्ग के सुनसान जंगल में पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने रास्ता रोका और उन पर डंडों व चाकुओं से हमला कर दिया। पुलिस के अनुसार, मृतक पर 30 से अधिक बार चाकू से वार किए गए। चौंकाने वाली बात यह है कि विप्लव के साथ बाइक पर बैठा उनका सहयोगी भी इस पूरी साजिश का हिस्सा था, जिसने हमले को लूट का रंग देने के लिए स्वयं पर मिर्च पाउडर डालने का नाटक रचा था।
📉 मजदूरी और अपमान का बदला
जांच में सामने आया कि आरोपी लंबे समय से अपनी मजदूरी बढ़ाने की मांग कर रहे थे, जिसे व्यापारी द्वारा नजरअंदाज किया जा रहा था। इसके अतिरिक्त, विप्लव का उनके प्रति अपमानजनक व्यवहार और गाली-गलौज भी हत्या की मुख्य वजह बनी। आरोपियों ने इससे पहले 25 जून को भी उन्हें मारने की कोशिश की थी, लेकिन तब वे नाकाम रहे। 27 जून को उन्होंने सुनियोजित तरीके से हत्या और लूट की घटना को अंजाम दिया।
👮 पुलिस की त्वरित कार्रवाई
एसपी सूरज सिंह परिहार ने बताया कि तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपियों को पकड़ लिया है। उनकी निशानदेही पर लूट की 37,800 रुपये की नकद राशि, दो मोबाइल, घटना में प्रयुक्त दो चाकू, तीन डंडे और दो बाइक जब्त की गई हैं। तीन बालिग आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है, जबकि दो नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया जा रहा है।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
