भगवंत मान सरकार ने नया मानदंड स्थापित किया, 16 मार्च 2022 से औसतन प्रतिदिन 45 युवाओं को सरकारी नौकरियाँ प्रदान की गईं

पंजाब

जालंधर, 11 जनवरी 2026

जब अधिकांश राज्यों में युवाओं के लिए सरकारी नौकरी एक खूबसूरत सपना बनकर रह गई है, तब पंजाब इसके विपरीत तस्वीर पेश कर रहा है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज जालंधर के पीएपी ग्राउंड में 1,746 पुलिस कांस्टेबलों को नियुक्ति पत्र वितरित किए, जो एक रिकॉर्ड है और यह घोषणाओं के बजाय परिणामोन्मुखी दृष्टिकोण को दर्शाता है।

पंजाब सरकार 16 मार्च 2022 से औसतन प्रतिदिन 45 युवाओं को सरकारी नौकरियाँ प्रदान कर रही है, जिससे चार वर्षों से भी कम समय में 63,027 नियुक्तियाँ कर इतिहास रचा गया है। यह सामूहिक भर्ती न केवल पंजाब पुलिस को मजबूत करती है, बल्कि योग्यता-आधारित और पारदर्शी भर्ती के स्पष्ट संदेश को भी सुदृढ़ करती है। साथ ही, नव-शामिल बल को नशों, साइबर अपराध और गैंगस्टरों के खिलाफ लड़ाई में निर्णायक भूमिका निभाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

रविवार को पंजाब पुलिस के सशस्त्र और जिला कैडर के 1,746 कांस्टेबलों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “यह अत्यंत गर्व और संतोष की बात है कि इस सरकार के कार्यकाल के दौरान कुछ युवाओं ने दो या तीन सरकारी नौकरियाँ भी प्राप्त की हैं। अपने कार्यकाल के पहले दिन से ही मैंने यह सुनिश्चित किया कि योग्य युवाओं को उनका हक मिले और इसी कारण अब तक 63,027 युवाओं को सरकारी नौकरियाँ दी गई हैं। आज 1,746 और युवा पंजाब सरकार के परिवार में शामिल हुए हैं, जो अब राज्य की सामाजिक और आर्थिक प्रगति में सक्रिय भागीदार बनेंगे।”

इन नियुक्तियों को कोई एहसान न बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “पंजाब के युवा अपनी योग्यता के आधार पर इन नौकरियों के हकदार हैं। दुर्भाग्यवश पिछली सरकारों ने कभी उनकी परवाह नहीं की। मुझे संतोष है कि ये भर्तियाँ पूरी तरह मेरिट के आधार पर की गई हैं। मैं नव-भर्ती युवाओं से अपील करता हूँ कि वे शासन का अभिन्न अंग बनकर मिशनरी भावना से जनता की सेवा करें।”

नव-भर्ती उम्मीदवारों पर विश्वास व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “मुझे उम्मीद है कि आप अपने पदों का उपयोग जरूरतमंदों और वंचितों की सहायता के लिए करेंगे। आपका कर्तव्य अधिकतम जनकल्याण सुनिश्चित करना है, ताकि समाज के हर वर्ग को लाभ मिल सके। ये भर्तियाँ पूरी तरह पारदर्शी प्रक्रिया के माध्यम से की गई हैं और उम्मीदवारों का चयन प्रतियोगी परीक्षाएँ उत्तीर्ण करने के बाद ही किया गया है।”

सरकार के मुख्य एजेंडे को दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “पहले दिन से ही इस सरकार का एकमात्र उद्देश्य सरकारी नौकरियों के माध्यम से युवाओं को सशक्त बनाना रहा है। आज जिला कैडर के 1,261 कांस्टेबलों और सशस्त्र कैडर के 485 कांस्टेबलों को नियुक्ति पत्र दिए गए हैं। यह आपके जीवन की एक नई शुरुआत है और मैं आप सभी को पंजाब पुलिस में शामिल होने पर बधाई देता हूँ।”

पुलिस बल की मजबूती पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा, “पिछले चार वर्षों में 10,264 युवाओं को पंजाब पुलिस के विभिन्न रैंकों में भर्ती किया गया है। यह हम सभी के लिए गर्व का क्षण है। पंजाब पुलिस ने हमेशा देश की एकता और अखंडता की रक्षा की है और इस सीमावर्ती राज्य में शांति बनाए रखी है। हमारे पुलिस कर्मियों के बलिदानों के कारण ही पंजाब आज एक शांतिप्रिय राज्य के रूप में जाना जाता है।”

मुख्यमंत्री ने चेतावनी देते हुए कहा कि चुनौतियाँ अभी भी बनी हुई हैं। उन्होंने कहा, “सीमावर्ती राज्य होने के नाते पंजाब को गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। हमारी पुलिस फोर्स समर्पण और प्रतिबद्धता के साथ इनका सामना कर रही है। पड़ोसी देशों द्वारा हमारे युवाओं को गुमराह करने और पंजाब को आतंकवाद के अंधकारमय दौर में वापस धकेलने के निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं, जिन्हें किसी भी सूरत में सफल नहीं होने दिया जाएगा।”

नशों के खिलाफ लड़ाई का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “पंजाब नशों के खिलाफ जंग लड़ रहा है। हमारी पुलिस ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ मुहिम में योद्धाओं की तरह काम कर रही है। नशा तस्करों को सलाखों के पीछे भेजा जा रहा है और नशे के पैसे से बनाई गई संपत्तियों को ध्वस्त किया जा रहा है। ऐसे तत्व समाज के दुश्मन हैं और सरकार उन्हें किसी भी हालत में बख्शेगी नहीं।”

उन्होंने आगे कहा, “‘युद्ध नशों विरुद्ध’ मुहिम का दूसरा चरण शुरू कर दिया गया है। जब तक पंजाब से नशों का पूरी तरह खात्मा नहीं हो जाता, हम चैन से नहीं बैठेंगे। उभरती चुनौतियों का सामना करने के लिए यह आवश्यक है कि पुलिस बल को उन्नत जांच विधियों, विज्ञान और प्रौद्योगिकी से निरंतर अपग्रेड किया जाए। मुझे विश्वास है कि पंजाब पुलिस अपनी गौरवशाली विरासत को पूर्ण पेशेवर प्रतिबद्धता के साथ बनाए रखेगी।”

नव-भर्ती जवानों को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “यह आपके लिए एक यादगार अवसर है क्योंकि आप पंजाब पुलिस परिवार का हिस्सा बन रहे हैं। अपनी ड्यूटी को समर्पण, कड़ी मेहनत और प्रतिबद्धता के साथ निभाएँ तथा राज्य की प्रगति और इसके लोगों की खुशहाली में सार्थक योगदान दें। आपको जन शिकायतों के निवारण और न्याय प्रदान करने में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।”

पुलिस को नशों, साइबर अपराध और गैंगस्टरों के खिलाफ कार्रवाई तेज करने का आह्वान करते हुए उन्होंने कहा, “पंजाब देश का पहला राज्य है जिसने ‘बाज़ आंख’ एंटी-ड्रोन सिस्टम शुरू किया है, जिसे तरनतारन, फिरोजपुर और अमृतसर के ग्रामीण जिलों में तैनात किया गया है, ताकि सीमा पार से नशों, हथियारों और विस्फोटकों की आपूर्ति को सख्ती से रोका जा सके। हम साइबर अपराध से भी सक्रिय रूप से निपट रहे हैं और पंजाब के स्टेट साइबर क्राइम विंग ने नई दिल्ली में डिजिटल एविडेंस सम्मेलन-2025 में एक्सीलेंस अवॉर्ड-2025 जीता है।”

उन्होंने आगे कहा, “समाज के लिए गंभीर खतरा पैदा करने वाले गैंगस्टरों के खिलाफ निर्णायक जंग चल रही है। उन्हें पूरी तरह समाप्त करने के लिए सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी तरह यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाने और सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सड़क सुरक्षा बल का गठन पंजाब के लिए गर्व की बात है। इसके गठन के बाद सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में 48 प्रतिशत की कमी आई है और इस पहल की भारत सरकार ने भी सराहना की है।”

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry