लुधियाना : महानगर में अवैध रूप से बनी इमारतों को लेकर नगर निगम कमिश्नर आदित्य एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। उन्होंने खुद फील्ड में उतर कर पिछले दिनों अवैध रूप से बनी कॉलोनियों और इमारतों के खिलाफ कार्रवाई न करने वाले इंस्पेक्टर हरजीत को सस्पेंड कर दिया गया था। अब उन्होंने इस मामले में दोनों SE को बड़ा झटका देते हुए उनकी एमटीपी पद से छुट्टी कर दी है।
यहां बताना उच्चित होगा कि नगर निगम में नियमित एमटीपी होने के बावजूद SE को चार्ज देने की परंपरा पूर्व कमिश्नर शेना अग्रवाल ने शुरू की थी, जिन्होंने पहले संजय कंवर और फिर रणजीत सिंह को एमटीपी का चार्ज दिया था एमटीपी रजनीश वाधवा का तबादला होने के बाद, जब सरकार ने नियमित एमटीपी नियुक्त नहीं किया, तो पूर्व कमिश्नर संदीप ऋषि द्वारा एसटी संजय कंवर के साथ प्रवीण सिंगला को एमटीपी का प्रभार भी दिया गया।

अब कमिश्नर आदित्य ने दोनों से एमटीपी का चार्ज वापस लेकर SE शाम लाल गुप्ता को दे दिया है। इस फैसले को अवैध रूप से बनी इमारतों से जोड़कर देखा जा सकता है। जानकारी के मुताबिक, बार-बार चेतावनी के बावजूद बिना नक्शा पास कराए बन रही इमारतों के खिलाफ कार्रवाई और रिक्वरी के मामले में दिलचस्पी नहीं दिखाने से कमिश्नर इन दोनों SE से नाराज थे। इसके संकेत उन्होंने 2 दिन पहले बकाया रैवेन्यु की बैठक के दौरान दिए थे। इस बैठक में चारों जोन के अधिकारियों को बुलाया गया था, इस संबंध में सोमवार को आदेश जारी कर दिया गया।
संजय कंवर भी सरकार के रडार पर
कमिश्नर की सख्ती के बाद बिल्डिंग विभाग में हड़कंप मच गया है, क्योंकि SE संजय कंवर पर अवैध रूप से बनी इमारतों पर कार्रवाई करने के बजाय मिलीभगत के अलावा नक्शे पास करने के लिए मोटी रकम लेने का आरोप लग रहा है। इस संबंध में संजय कंवर भी सरकार के रडार पर हैं, जिसका प्रमाण हाल ही में मुख्य सतर्कता अधिकारी द्वारा उन्हें जारी किया गया नोटिस है। इसमें संजय कंवर पर अवैध निर्माण को गलत तरीके से नियमित करने की अनुमति देने का आरोप लगाया गया है । इससे पहले मॉडल टाउन में सरकार द्वारा रोड कमर्शियल डिक्लेरेशन की अधिसूचना जारी होने से पहले ही कॉम्प्लेक्स बनाने के लिए नक्शा पास करने के मामले में भी संजय कंवर का नाम चर्चा में रहा है।
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