यह धर्मांधता नहीं पागलपन है”: CJI गवई पर हमले की कोशिश पर सुप्रिया श्रीनेत का कड़ा बयान

दिल्ली

कांग्रेस ने सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई पर बीच अदालत में हमले की कोशिश को गलत करार देते हुए सरकार पर निशाना साधा है. कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा है कि राकेश किशोर नाम के वकील ने इस देश की सुप्रीम कोर्ट के सीजेआई बीआर गवई पर बीच अदालत में जूता निकाल कर हमले की कोशिश की. सुरक्षाकर्मियों ने समय रहते उस आदमी को कोर्ट रूम से बाहर निकाल दिया.

सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि यह धर्म के स्वयंभू ठेकेदार नहीं है, जोम्बीज हैं. उन्होंने कहा कि देश को इस स्थिति में लाने के लिए सिर्फ और सिर्फ एक आदमी जिम्मेदार हैं और वो हैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी. सोचिए यह सब इस देश की सबसे ऊंची अदालत में सबसे वरिष्ठ जज के साथ हो रहा है. यह धर्मांधता नहीं पागलपन है. न्याय की सबसे ऊंची संस्था में यह होना बिल्कुल गलत है.

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, आज यानी सोमवार को सुप्रीम में एक वकील ने सीजेआई गवई पर हमले की कोशिश की. सीजेआई किसी मामले को सुन रहे थे तभी बहस के दौरान वकील मंच के पास पहुंचकर जूता निकालकर उनकी तरफ फेंकने की कोशिश की, लेकिन समय रहते सुरक्षा कर्मियों ने वकील को रोक लिया.

 

सीजेआई बोले- हम इससे विचलित नहीं होने वाले

सीजेआई ने पूरी घटना के दौरान शांति बनाए रखी और कहा कि हम इससे विचलित नहीं होने वाले हैं, आप लोग अपनी दलीलें जारी रखें. हालांकि, सुरक्षाकर्मियों ने घटना से इनकार करते हुए कहा कि एक आदमी कोर्ट में शोर मचा रहा था, जिसे पकड़कर बाहर निकाल दिया गया. सुप्रीम कोर्ट प्रशासन की ओर से भी अभी तक कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है. हालांकि, कोर्ट रूम में मौजूद कुछ वकीलों ने घटना के बारे में बताया.

टिप्पणी से नाराज था वकील

बताया जा रहा है कि वकील किसी मामले की सुनवाई में सीजेआई गवई की टिप्पणी से नाराज था. हालांकि, इस संबंध में अभी तक कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है. वकील की ओर से हमले की कोशिश को लेकर कोर्ट रूम में हलचल बढ़ गई थी, लेकिन सीजेआई की अपील के बाद स्थिति कुछ ही देर में नॉर्मल हो गई.

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry