पश्चिम बंगाल: फेक कॉल सेंटर, विदेशी नागरिकों से ठगी… ट्रॉली बैग में छिपाए हुए थे करोड़ों रुपये, ऐसे हुआ पर्दाफाश

देश

पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना में एक नेशनल कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया गया है, जिसमें विदेशी नागरिकों से पैसे ठगे जा रहे थे. कॉल सेंटर के मालिक के घर पर भी छापेमारी की गई. दरअसल, बिधाननगर पुलिस ने कोलकाता के साल्ट लेक के सेक्टर 5 में छापेमारी की, जहां एक अवैध नेशनल कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया गया. जानकारी के मुताबिक चिनार पार्क के रहने वाले अविनाश अग्रवाल के घर पर छापेमारी की गई, जहां चेकिंग के दौरान घर के दरवाजे के पीछे छुपाया गया एक ट्रॉली बैग मिला.

उस बैग को जैसे ही खोला गया तो जांचकर्ताओं भी हैरान कर गए. ट्रॉली के अंदर पैसे बहुत व्यवस्थित तरीके से रखे गए थे, जो करोड़ों थे. अविनाश अग्रवाल, जिसके घर पर छापेमारी की गई. वह एक अवैध कॉल सेंटर का मालिक है. उसके घर से एक ट्रॉली बैग से 3 करोड़ 2 लाख 96 हजार रुपये बरामद किए गए, ट्रॉली बैग को दरवाजे के पीछे छिपाकर रखा गया था.

कॉल सेंटर से 60 लाख रुपये बरामद

मंगलवार को बिधाननगर पुलिस ने साल्ट लेक स्थित एक नेशनल कॉल सेंटर के ऑफिस की तलाशी ली थी. तलाशी के दौरान कॉल सेंटर से 60 लाख रुपये जब्त किए गए. बाद में कॉल सेंटर के मालिक अविनाश उर्फ पीयूष के घर से पांच लाख रुपये बरामद किए गए. पुलिस ने उसे पहले ही गिरफ्तार कर लिया था. इसके बाद चिनार पार्क स्थित उनके घर की फिर तलाशी ली गई तो करोड़ों रुपये बरामद हुए.

विदेशी नागरिकों से करोड़ों की ठगी

पुलिस का दावा है कि अविनाश के संगठन ने कॉल सेंटर खोलकर और टेक्निकल सपोर्ट देकर विदेशी नागरिकों से करोड़ों रुपये की ठगी की. बिधाननगर इलेक्ट्रॉनिक्स कॉम्प्लेक्स थाना पुलिस सेक्टर 5 में लगातार तलाशी ले रही है. कई फर्जी कॉल सेंटरों की पहचान पहले ही की जा चुकी है. जांच में पता चला कि इस धोखाधड़ी गिरोह में बिटकॉइन के जरिए पैसा लिया जाता था. आरोप है कि इसके बाद काले धन को सफेद धन में बदल दिया गया. जांचकर्ताओं को पता चला कि यह योजना कई महीनों से चल रही थी, जिसका अब पर्दाफाश हुआ है.

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry