विधायक मामन खान की सुरक्षा पर फंसा पेंच! हाईकोर्ट ने सरकार से पूछा- ‘क्यों दी गई Y श्रेणी की सुरक्षा?’; जानें क्या है असली विवाद

हरियाणा

चंडीगढ़: फिरोजपुर झिरका से विधायक मामन खान की जान को गंभीर और निरंतर खतरा बताते हुए दाखिल याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने वाई श्रेणी की सुरक्षा को लेकर हरियाणा व केंद्र सरकार को जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। याचिका में राज्य सरकार और केंद्र सरकार से पर्याप्त सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग करते हुए जेड या जेड-प्लस श्रेणी की सुरक्षा देने की अपील की गई है।

साथ ही बिना न्यायालय की अनुमति सुरक्षा में किसी भी प्रकार की कटौती न करने के निर्देश जारी करने की अपील की गई है। मामन खान ने याचिका दाखिल करते हुए हाईकोर्ट को बताया कि वह संवेदनशील और सांप्रदायिक रूप से नाजुक क्षेत्र से आते हैं और सक्रिय राजनीतिक में हैं। उनकी बढ़ती राजनीतिक सक्रियता और सरकार की नीतियों की आलोचना के कारण संगठित आपराधिक गिरोहों से लगातार धमकियां मिल रही हैं। याची ने कुख्यात गैंगस्टरों लारेंस बिश्नोई और रोहित गोदारा गैंग के लोगों द्वारा संभावित हमले की आशंका जताई है। याची ने कहा कि जनवरी 2025 में नूंह के पुलिस अधीक्षक ने निजी वाहन को बुलेटप्रूफ कराने की अनुमति दी थी। इसमें गंभीर खतरे का उल्लेख किया गया था।

याची ने कहा कि उपलब्ध कराई गई सुरक्षा न तो पर्याप्त है और न ही नियमित रूप से तैनात रहती है जिससे उनकी और उनके परिवार की जान जोखिम में बनी हुई है। हरियाणा सरकार ने कोर्ट को बताया कि याची को वाई श्रेणी की सुरक्षा के अतिरिक्त पांच अन्य सुरक्षाकर्मी दिए गए हैं। याची पक्ष ने कहा कि इनमें से तीन वापस ले लिए गए हैं और याची के पास एस्कॉट व्हीकल भी उपलब्ध नहीं है। हाईकोर्ट ने अब सरकार को वाई श्रेणी की सुरक्षा से जुड़े मापदंड की जानकारी देने का आदेश दिया है।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry