नई दिल्ली। इंदौर के चर्चित ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी मर्डर केस में आरोपी पत्नी सोनम रघुवंशी की मुश्किलें एक बार फिर काफी बढ़ गई हैं। देश की सर्वोच्च अदालत ने सोनम को बड़ा झटका देते हुए उसकी जमानत याचिका को खारिज कर दिया है और आगामी 3 सप्ताह के भीतर पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण (सरेंडर) करने का कड़ा निर्देश जारी किया है। यह अहम फैसला सुप्रीम कोर्ट द्वारा मेघालय सरकार की अपील पर सुनवाई के दौरान सुनाया गया है।
🏛️ मेघालय सरकार की अपील पर शीर्ष अदालत ने लिया एक्शन
गौरतलब है कि मेघालय सरकार ने आरोपी सोनम रघुवंशी को मिली बेल के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में विशेष याचिका दाखिल की थी। राज्य सरकार का तर्क था कि इस हाई-प्रोफाइल और संवेदनशील मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी महिला को जमानत पर बाहर रखना न्याय हित में नहीं है। सर्वोच्च अदालत ने सरकार की इन दलीलों से सहमति जताते हुए सोनम की रिहाई के पिछले आदेश को रद्द कर दिया। हालांकि, अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि आगामी छह महीने के भीतर ट्रायल आगे नहीं बढ़ता है, तो आरोपी नई जमानत अर्जी दाखिल कर सकती है।
🔍 क्या था राजा रघुवंशी हत्याकांड का पूरा मामला?
इंदौर के प्रतिष्ठित ट्रांसपोर्ट व्यवसायी राजा रघुवंशी की शादी के बाद मेघालय में हनीमून के दौरान बेहद संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या कर दी गई थी। इस सनसनीखेज मर्डर मिस्ट्री की जांच के बाद पुलिस ने मृतक की पत्नी सोनम रघुवंशी को मुख्य साजिशकर्ताओं में शामिल करते हुए गिरफ्तार किया था। अब शीर्ष अदालत के इस सख्त रुख के बाद आरोपी सोनम को एक बार फिर से जेल की सलाखों के पीछे लौटना होगा।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad