शादी के सीजन में बाजार गुलजार, पगड़ी साफा की बढ़ी डिमांड

छत्तीसगढ़

रायपुर : देवशयनी एकादशी के बाद से शादियों का सीजन शुरु हो चुका है.आगामी 6 दिसंबर को एकसाथ 22 मुहूर्त है. इनमें से 16 मुहूर्त अशुद्ध और 6 मुहूर्त शुभ माने गए हैं. शादियों के सीजन शुरु होते ही राजधानी में पगड़ी साफा का बाजार भी सज गया है. साफा पगड़ी के साथ ही सिंघोलिया, मौर, जूती, हल्दी मेहंदी के सेट्स, नोटों की माला की डिमांड बढ़ चुकी है.

सीजन में अच्छी कमाई की उम्मीद

दुकानदारों का मानना है कि शादी का सीजन शुरू होते ही कारोबार अच्छा हो रहा है .इस समय गांव के बजाय शहरी क्षेत्र में ज्यादा शादियां होती है. शहरी क्षेत्र में होने वाली शादियों में पगड़ी और साफा के साथ ही दूल्हा दुल्हन के दूसरे सामान की बिक्री भी बढ़ गई है.दुकानदार सुरेंद्र खंडेलवाल ने बताया कि शहर में ज्यादा शादियां होती हैं, लेकिन गांव में थोड़ी कम होती है. शहर में होने वाली शादियों में सामान का उठाव बहुत ज्यादा है.

साफा और पगड़ी में अलग-अलग डिमांड

सुरेंद्र खंडेलवाल ने बताया कि साफा और पगड़ी को लेकर उन्होंने बताया कि साफा शेरवानी के कांबिनेशन में दुपट्टा और जूती चलता है. इन तीन चीजों का कांबिनेशन जहां पर रहता है वहीं पर ग्राहक इसकी खरीदी करते हैं. पगड़ी रेडीमेड रहती है जो फोम के गत्ते से बनती हैं. पगड़ी में मात्र आधा मीटर कपड़ा होता है. लेकिन साफा की बात करें तो यह 7 मीटर कपड़े में बांधा जाता है. जिसमें स्टिचिंग और सिलाई होती है.

रायपुर में शादी के सामानों को कारोबार करने वाले दुकानदार शाहिद ने बताया कि छोटी दिवाली के बाद शादियों के सीजन शुरू होते हैं. इस बार बाजार भी अच्छा चल रहा है. पगड़ी और साफा की बात करें तो पगड़ी के बजाय साफा की डिमांड ज्यादा है.

शादी के इस सीजन में हर वर्ग के लोग अपनी बजट के आधार पर साफा पगड़ी के साथ ही दूल्हा और दुल्हन को सजाने के लिए जो सामान लगते हैं वह उपलब्ध हैं. बाजार में शादी सीजन को देखते हुए रौनक भी दिख रही है- शाहिद, दुकानदार

शुभ मुहूर्त में सबसे ज्यादा शादी

गोल बाजार के हनुमान मंदिर के पुजारी आकाश मिश्रा ने बताया कि शादी में कई तरह के मुहूर्त होते हैं जिसमें शुद्ध और अशुद्ध मुहूर्त होता है. मानने वाले लोग शुद्ध मुहूर्त देखकर शादी करते हैं. लेकिन कई ऐसे लोग हैं जो केवल मुहूर्त देखते हैं, उसमें भी शादियां करते हैं. पूरे नवंबर के महीने में टोटल 8 मुहूर्त हैं जिसमें 7 मुहूर्त रात के हैं और आठवां मुहूर्त दिन का है.आकाश मिश्रा के मुताबिक विवाह करने वाले कुछ लोग रात में विवाह करते हैं और कुछ लोग दिन में विवाह करते हैं. साल 2025 में विवाह के कम मुहूर्त है. शुभ मुहूर्त विशेष मुहूर्त शुद्ध मुहूर्त और अशुद्ध मुहूर्त विवाह के होते हैं. 6 दिसंबर के बाद 14 जनवरी तक विवाह जैसे मांगलिक और शुभ कार्यों पर ब्रेक लग जाएगा, क्योंकि यह मलमास का महीना कहलाता है. मलमास के महीने में शास्त्र भी विवाह की अनुमति नहीं देता है.

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