Mahasamund Police Action: गांजा तस्करी और पुलिस पर हमले के आरोपी मध्य प्रदेश से गिरफ्तार, महासमुंद पुलिस की बड़ी कामयाबी

छत्तीसगढ़

महासमुंद: जिले की पुलिस ने गांजा तस्करी और पुलिस जवानों की हत्या की कोशिश के मामले में बड़ी सफलता हासिल की है. इस मामले में 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. दरअसल, 23 जनवरी 2026 को थाना सांकरा पुलिस को एक मुखबिर से सूचना मिली कि ईको कार (क्रमांक MP05 ZE 8685) में गांजा की तस्करी की जा रही है. सूचना मिलते ही पुलिस ने नेशनल हाईवे पर सतर्कता बढ़ाते हुए स्टाफ तैनात कर दिया.

पुलिस को कुचलने की कोशिश

कुछ देर बाद बताई गई ईको कार हाईवे पर आती दिखाई दी. पुलिस टीम ने वाहन को रोकने का प्रयास किया, लेकिन कार चालक ने वाहन रोकने के बजाय तेज रफ्तार में पुलिस स्टाफ को कुचलने की कोशिश की. 2-3 बार रिवर्स कर फिर टक्कर मारने की कोशिश भी गई. गनीमत रही कि पुलिसकर्मी सतर्कता से बच गए.

पुलिस वाहन में लगी थी आग

तेज रफ्तार के कारण ईको कार अनियंत्रित होकर पुलिस की गाड़ी से टकरा गई. टक्कर के बाद पुलिस वाहन में तुरंत आग लग गई और वह जलने लगी. इसी अफरा-तफरी का फायदा उठाकर आरोपी अपनी कार मौके पर छोड़कर फरार हो गए.

39 किलो से ज्यादा गांजा बरामद

पुलिस ने मौके पर छोड़ी गई ईको कार की तलाशी ली. वाहन से 39.680 किलो गांजा बरामद किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत 19 लाख 84 हजार रुपये बताई गई है. गांजा परिवहन में इस्तेमाल की गई 8 लाख रुपये की ईको कार को भी जब्त किया गया.

फरार आरोपी मध्यप्रदेश से गिरफ्तार

महासमुंद पुलिस ने विशेष टीम बनाकर जांच शुरू की और फरार आरोपियों को मध्यप्रदेश से गिरफ्तार कर लिया. उन्हें थाना सांकरा लाया गया है. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राकेश चौकसे (32 वर्ष), निवासी पनागर, नरसिंहपुर के रूप में हुई है. राकेश ट्रक चालक है. वहीं दूसरे आरोपी की पहचान मोनू राय (34 वर्ष) निवासी पिपरिया, होशंगाबाद के रूप में हुई है. मोनू पहले चाउमिन ठेला चलाता था, पिछले डेढ़ साल से गांजा बेच रहा था.

मुख्य गांजा सप्लायर भी गिरफ्तार

पुलिस ने इस मामले में मुख्य गांजा विक्रेता बालाकृष्ण को भी बलांगीर (ओडिशा) से गिरफ्तार कर लिया है. वहीं दो आरोपियों पर बीएनएस की धारा 324(5), 132, 109 एवं एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.