जालंधर शहर में अब वाहन चालकों को ट्रैफिक जाम से छुटकारा मिलने की अच्छी खबर सामने आई है। दरअसल, नगर निगम शहर में लगे ट्रैफिक सिग्नल अपग्रेड करने जा रहा है। नए ट्रैफिक सिग्नल सेंसर से लैस और खुद ही टाइम मैनेजमेंट करेंगे। यही नहीं इन्हें कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से भी सम्पर्क किया जाएगा। ऐसा होने से कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से सीधे ट्रैफिक सिग्नल में टाइम मैनेजमेंट का पता भी चलेगा। बताया जा रहा है कि ये काम डेढ़ महीने में पूरा होगा। निगम कमिश्नर गौतम जैन का कहना है कि प्रोजेक्ट की बोर्ड के ऑफ डायरेक्टर्स की मीटिंग में मंजूरी मिल चुकी है और 2.50 करोड़ के प्रोजेक्ट से काम होगा।
इस संबंधी जानकारी देते हुए एसडीओ सौरभ संधू ने बताया कि अगले महीने से अपग्रेड का काम शुरू हो जाएगा, जो लगभग डेढ़ महीने में पूरा होगा। इसके लिए ढाई करोड़ रुपए की मंजूरी भी मिल चुकी है। सिटी के ट्रैफिक लाइटों में तीनों सिग्नल के लिए टाइमर सेट होता है। जिसे चौराहों पर खड़े वाहनों की संख्या से कोई मतलब नहीं। सिग्नल को अपग्रेड करने के बाद ये सेंसर से लैस हो जाएगा जिसके बाद अगर सिग्नल पर कोई वाहन नहीं है तो कमांड एंड कंट्रोल से लाइट अपने आप ही बदल लेगा।
ट्रैफिक सिग्नल अपग्रेड होने पर सिग्नल पर वाहनों की लंबी-लंबी लाइनों से मुक्ति मिलेगी। शहर में जिन सड़कों पर ट्रैफिक अधिक होता है, उसमें बदलाव होगा। बता दें ट्रैफिक सिग्नल के पुराने सिस्टम में सुबह से शाम तक एक ही समय सेट है। पीक आवर्स में लोगों को सिग्नल पर लंबा इंतजार करना पड़ता है जिससे लोगों को राहत मिलेगी। बताया जा रहा है कि सिग्नल अपग्रेड होने से जहां आम वाहन चालकों को राहत मिलेगी वहीं वीआईपी व एंबुलेंस के लिए सीधे कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से ग्रीन कॉरिडोर बनेगा। इस तरह से एंबुलेंस बिना ट्रैफिक में फंसे जल्दी से पहुंच जाएगी।
जानकारी के अनुसार, सिटी में लगे ट्रैफिक सिग्नल काफी पुराने हो चुके हैं, इसलिए पहले चरण में सिग्नल बीएमसी चौक, गुरुनानक मिशन चौक, डॉ. अंबेडकर चौक, प्रेस क्लब, बीएसएफ चौक, कपूरथला चौक, श्रीराम चौक, नकोदर चौक, फुटबाल चौक में अपग्रेड होंगे। बताया जा रहा है कि, सिटी के 9 जंक्शनों पर ट्रैफिक सिग्नल अपग्रेड किए जाएंगे, जिनका समय सुबह से लेकर शाम तक एक ही रहता है। जालंधर शहर में 28 चौक-चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल लगे हैं जिनको मेंटेन निगम ही करता है। वहीं अगर कोई सिग्नल खराब हो जाता है, तो इसे समय पर पर ठीक भी नहीं किया जाता। नए ट्रैफिक सिग्नल लग जाने के बाद अगर इनमें कोई खराबी आती है तो इसकी सूचना तुरंत ऑनलाइन कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में पहुंच जाएगी। इसके बाद कंपनी सिग्नल की मेंटेनेंस भी करेगी।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
