उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) की ड्यूटी कर रहे सहायक शिक्षक सर्वेश सिंह ने आत्महत्या कर ली. विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के तहत उन्हें BLO का कार्य सौंपा गया था. आत्महत्या से पहले सर्वेश सिंह ने बेसिक शिक्षा अधिकारी के नाम एक सुसाइड नोट छोड़ा, जिसमें उन्होंने SIR के काम के ज्यादा तनाव और वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से तय किया गया ‘टारगेट’ पूरा न कर पाने की चिंता व्यक्त की थी. अब इसको लेकर शिक्षकों में भारी रोष है और प्राथमिक शिक्षक संघ ने मृतक के परिवार को मुआवजा और नौकरी देने की मांग की है.
‘ये नहीं लगा था कि इतना दबाव ले लेंगे’
कुलदीप शर्मा ने आगे कहा कि वह इतने ज्यादा डिप्रेशन में नहीं थे, लगातार स्कूल में काम कर रहे थे. तमाम शिक्षक BLO रात में बात करते थे तो इतना ज्यादा डिप्रेशन में नहीं थे और अपने काम को जिम्मेदारी से पूरा कर रहे थे. हमें ऐसा नहीं लगा था कि वह इतना ज्यादा दबाव ले लेंगे और इतना बड़ा कदम उठा लेंगे. हमारे तमाम BLO दबाव में हैं, लेकिन जिम्मेदारी से अपना काम कर रहे हैं. हमारी मंशा यही है कि सरकार की ओर से दिए गए काम को जल्दी पूरा कर सकें.
BLO की पत्नी का फूटा गुस्सा
मृतक की पत्नी बबली का कहना है कि उनके पति ने दवाब की वजह से ये कदम उठाया है. पत्नी बबली ने कहा, ‘अगर मेरे पति से SIR के फॉर्म भरवाए जा रहे थे तो पहले उन्हें ट्रेनिंग देनी चाहिए थी. ट्रेनिंग नहीं दी गई तो बगैर ट्रेनिंग के अचानक ही BLO बना दिया गया. मेरे पति स्कूल के हेड मास्टर थे, BLO नहीं. पहले ट्रेनिंग देनी चाहिए थी, ट्रेनिंग देते तो वह यह काम जरूर कर पाते. उन्हें 10-15 फॉर्म दिए गए थे. उन्हें किसी का साथ नहीं मिला, जिसकी वजह से दबाव की वजह से उन्होंने यह कदम उठाया है. मैं खुद अपने पति के साथ रात को 1:00 से लेकर 2:00 बजे तक लगातार काम करवा रही थीं. तब भी फॉर्म पूरे नहीं हो पा रहे थे, जिसकी वजह से पति दबाव में आ गए और उन्होंने यह कदम उठाया.
जिलाधिकारी मुरादाबाद ने BLO की मौत के मामले पर जानकारी देते हुए बताया कि ठाकुरद्वारा विधानसभा के गांव जाहिदपुर में बूथ संख्या 406 में आता है. उनके आत्महत्या के कदम उठाने की जानकारी मिली है. मृतक के पास एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें कुछ तथ्य हमारे सामने आए हैं. स्थानीय पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू कर दी है और जितने भी पहलू हैं. हम उन्हें देख रहे हैं. मृतक BLO का जो काम था. वह अच्छा चल रहा था. SIR का जो काम उन्हें सौंपा गया था. वह अंतिम चरण में ही था.
सीधा कनेक्शन SIR से नहीं
इसके साथ ही कहा गया कि मृतक के जो सुपरवाइजर हैं. उन्होंने जानकारी दी कि वह मृतक के रिश्तेदार हैं. वह लगातार उनके संपर्क में थे. साथ ही उनकी मदद के लिए अतिरिक्त स्टाफ भी लगा हुआ था, आंगनबाड़ी के तौर पर उन्हें और स्टाफ भी दिया गया था. SIR के संबंध में कुछ बातें निकल कर आ रही हैं, लेकिन सीधा कनेक्शन SIR का नहीं दिखाई दे रहा है. आखिर किस वजह से यह कदम उठाया गया है. इसकी जांच की जा रही है.
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
