पटना: बिहार की राजनीति में इन दिनों मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार की शैक्षणिक योग्यता को लेकर बहस छिड़ गई है। राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने नीतीश कुमार पर निशाना साधते हुए दावा किया है कि जिन्हें वर्षों से ‘इंजीनियर’ बताया जा रहा था, वे असल में केवल 12वीं पास हैं। यह खुलासा हाल ही में विधान परिषद (MLC) नामांकन के दौरान दाखिल किए गए चुनावी हलफनामे से हुआ है।
📜 हलफनामे में क्या है हकीकत?
निशांत कुमार द्वारा दाखिल हलफनामे के अनुसार:
-
शैक्षणिक योग्यता: निशांत कुमार ने 1998 में पटना साइंस कॉलेज से 12वीं पास की थी।
-
इंजीनियरिंग का सच: उन्होंने रांची स्थित बीआईटी (BIT) मेसरा में इंजीनियरिंग में दाखिला तो लिया था, लेकिन डिग्री पूरी नहीं की।
-
स्टेटस: हलफनामे के मुताबिक, उन्होंने 8 सेमेस्टर में से केवल 5 सेमेस्टर पूरे किए और 2001 में कॉलेज छोड़ दिया। तकनीकी रूप से वे स्नातक (ग्रेजुएट) नहीं हैं।
🔥 आरजेडी का नीतीश कुमार और जेडीयू पर तीखा हमला
आरजेडी ने सोशल मीडिया के माध्यम से नीतीश कुमार पर बड़ा हमला किया है। पार्टी ने कहा, “जिस नीतीश कुमार के बेटे को लोग इंजीनियर बताते नहीं थकते थे, वह 12वीं पास निकला। ताउम्र परिवारवाद के विरोध की नौटंकी करने वाले बेईमान लोगों की सारी परतें खुलेंगी।” विपक्ष का आरोप है कि नीतीश कुमार ने सालों से एक गलत राजनीतिक छवि बनाई है।
🤔 राजनीतिक खींचतान का नया केंद्र
यह विवाद केवल शैक्षणिक योग्यता तक सीमित नहीं है, बल्कि इसने नीतीश कुमार के उस राजनीतिक नैरेटिव पर भी सवाल खड़ा कर दिया है, जिसमें वे अन्य दलों पर ‘परिवारवाद’ का आरोप लगाते रहे हैं। आरजेडी का कहना है कि यह मामला एक ऐसे नेता की सच्चाई उजागर करता है, जो खुद को ईमानदार और पारदर्शी बताने का दावा करते हैं।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
