जालंधर : पुलिस की कार्यशैली पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में फरार आरोपी मिश्रा को पकड़ने के बजाय SHO उसके साथ दोस्ताना अंदाज में बातचीत करता दिखाई दे रहा है। वीडियो सामने आने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। दरअसल, बस्ती बावा खेल थाने के SHO भगोड़े आरोपी धर्मेंद्र मिश्रा को चौंकी में सुरक्षा प्रदान करते हुए वीडियो में नजर आ रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, उक्त आरोपी पर कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज है और उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट भी जारी किया गया था। इसके बावजूद पुलिस अधिकारी ने उसे हिरासत में लेने की बजाय मुलाकात कर उसे सहजता से बात करते देखा गया। गौरतलब है कि, आरोपी मिश्रा पिछले कई महीनों से फरार बताया जा रहा था। वीडियो वायरल होने के बाद सीनियर पुलिस अधिकारियों ने संबंधित SHO से रिपोर्ट मांगी है और जवाब तलब किया है। बताया जा रहा है कि आरोपी ने बातचीत के दौरान खुद स्वीकार किया कि उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं। बावजूद इसके, अधिकारी ने उसे गिरफ्तार करने की कार्रवाई नहीं की। अब सवाल यह उठ रहा है कि आखिर कानून से भाग रहे व्यक्ति को इतनी छूट क्यों दी जा रही है और पुलिस मूकदर्शक क्यों बनी हुई है?
बता दें कि, आरोपी धर्मेंद्र मिश्रा के खिलाफ थाना बस्ती बावा खेल में एफआईआर संख्य 128 में शराब तस्करी और फायरिंग के गंभीर आरोपों में भगोड़ा था। मिश्रा के खिलाफ दर्ज एफआईआर में 7 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज है। इतने गंभीर आरोपों के बावजूद भगोड़ो आरोपी से SHO खुलेआम बातचीत कर रहा है। सबसे हैरनीजनक बात ये है कि, इस वीडियो के वायरल होने पर SHO ने कहा कि आरोपी मिश्रा जांच में शामिल होने के लिए कोर्ट ऑर्डर लेकर आया था। वहीं आरोपी मिश्रा ने स्वीकार किया है कि वह कोई भी कानूनी ऑर्डर नहीं लेकर आया है।
