केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के साथ कथित गोलीबारी में बीते दिनों कुकी-जो समुदाय के 10 लोगों की मौत हो गई थी. वहीं, कुकी-जो समुदाय का प्रतिनिधित्व करने वाले एक प्रमुख संगठन ने रविवार को बड़ा दावा किया है. उनका कहना है कि युवकों का अंतिम संस्कार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट उनके परिजनों को सौंपे जाने तक नहीं किया जाएगा.
मणिपुर में कुकी-जो समुदाय के प्रमुख संगठन ‘इंडिजिनस ट्राइबल लीडर्स फोरम (आईटीएलएफ)’ ने जिरीबाम जिले में मारे गए 10 लोगों के अंतिम संस्कार के संबंध में एक आपातकालीन बैठक बुलाई है. आईटीएलएफ के प्रवक्ता ने कहा कि हमें अब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं मिली है. इसी के संबंध में आज यह बैठक बुलाई गई है.
आईटीएलएफ का दावा मृतक गांव के स्वयंसेवक थे
आईटीएलएफ के प्रवक्ता गिन्ज वुअलजोंग ने संवाददाताओं से कहा, ‘अंतिम संस्कार करने के संबंध में आज हम बैठक करेंगे. हमें अब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं मिली है. उनके बिना हम शवों को छू भी नहीं सकते.’ उन्होंने बताया कि शवों को शनिवार को यहां लाए जाने के बाद से फिलहाल स्थानीय अस्पताल के मुर्दाघर में रखा गया है.
सम के सिलचर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (एसएमसीएच) में 10 कुकी-जो युवकों का पोस्टमार्टम किया गया. आईटीएलएफ ने दावा किया था कि वे गांव के स्वयंसेवक थे, जबकि मणिपुर सरकार का दावा है कि वे उग्रवादी थे. मणिपुर के जिरीबाम जिले में बीते दिनों पुलिस स्टेशन पर हमला करने आए उग्रवादियों की सुरक्षाकर्मियों के साथ मुठभेड़ हुई थी.
फिर से पोस्टमार्टम कराना होगा- वुअलजोंग
आईटीएलएफ के प्रवक्ता गिन्ज वुअलजोंग ने कहा, ‘हम दस्तावेजों का इंतजार कर रहे हैं. मुझे नहीं पता कि क्या चल रहा है, हो सकता है कि चीजें बहुत संदिग्ध हों! अगर हमें रिपोर्ट नहीं मिलती हैं, तो हमें यहां फिर से पोस्टमार्टम कराना होगा. इसलिए, जब तक ये सभी औपचारिकताएं पूरी नहीं हो जातीं, तब तक शवों का अंतिम संस्कार नहीं जाएगा.’
उन्होंने कहा कि कुकी संगठन चुराचांदपुर जिला अस्पताल में फिर से पोस्टमार्टम कराने की संभावनाएं तलाश रहा है और आईटीएलएफ के वरिष्ठ नेताओं की बैठक के दौरान अंतिम निर्णय लिया जाएगा.
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
