कोलकाता के आरजी कर अस्पताल में जूनियर डॉक्टर के साथ हुए रेप और हत्या को लेकर लोगों का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा है. इस घटना ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया था, देशभर में लोगों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया. वहीं कोलकाता में लोग सड़कों पर उतर आए. वहीं अब प्रदेश में महालया के मौके पर रात भर प्रदर्शन हुए. महालया को दुर्गा पूजा के साथ ही त्योहारों की शुरुआत का प्रतीक माना जाता है. ऐसे में लोगों ने पूरी रात घटना को लेकर नाराजगी जाहिर करते हुए विरोध दर्ज कराया.
दुर्गा पूजा शुरू होने में महज छह दिन बाकी हैं. इससे पहले लोगों ने मृतक डॉक्टर की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की प्रदर्शनकारियों ने नदियों में दीप प्रवाहित किए. वहीं कूचबिहार में विरोध प्रदर्शन के तहत सुबह अभया का ‘तर्पण’ मार्च निकाला गया. दरअसल हिंदू धर्म में लोग अपने पूर्वजों की याद में महालया पर ‘तर्पण’ अनुष्ठान करते हैं. इस दौरान हुगली और राज्य भर की अन्य नदियों के साथ ही जल निकायों के तट पर लोगों ने अपने पूर्वजों को श्रद्धांजलि अर्पित की.
विरोध प्रदर्शन के चलते सड़कों पर उतरे लोग
राजधानी कोलकाता में विरोध प्रदर्शन के चलते लोग सड़कों पर उतर आए, जिनमें भारी तादाद में महिलाएं भी शामिल रहीं. शहर के रूबी क्रॉसिंग, ललित कला अकादमी के बाहर, जादवपुर 8-बी स्टैंड, श्यामबाजार, ठाकुरपुकुर, वीआईपी रोड और दमदम पार्क में जमकर प्रदर्शन किया गया. इसके अलावा दक्षिण- 24 परगना के कूचबिहार, मालदा, कैनिंग और डायमंड हार्बर, उत्तर 24 परगना के सोदपुर और बारासात और हुगली के उत्तरपाड़ा समेत कई जिलों में विरोध प्रदर्शन किया गया.
मृतक के लिए न्याय की मांग
इस मौके पर प्रदर्शन में हिस्सा लेने वाली लेखिका और कार्यकर्ता शताब्दी दास ने मृतक के लिए न्याय की मांग की. उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण विरोध देवी पक्ष के दौरान त्योहार के सभी चार दिनों में जारी रहेगा. इस बीच दक्षिण कोलकाता के हरिदेवपुर में नारेबाजी और मुख्य सड़क को बाधित करने को लेकर झड़प प्रदर्शनकारियों से एक अन्य समूह की झड़प भी हुई. जिसको लेकर दर्शनकारियों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई. उन्होंने तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों पर उन पर हमाल करने का आरोप लगाया.
जनता के लिए नहीं खुले पूजा पंडाल
इस बीच पुलिस ने जानकारी देते हुए बताया कि घाटों के आसपास की सड़कों पर वाहनों के आने जाने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है. इस साल 9 अक्टूबर से दुर्गा पूजा शुरू हो रही जिसको लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं, हालांकि डॉक्टर के साथ हुई घटना को लेकर जिस तरह से प्रदर्शन किए जा रहे हैं उसे देखते हुए एहतियात के तौर पर अभी तक कोलकाता में सामुदायिक पूजा पंडालों को जनता के लिए नहीं खोला गया है.
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad