प्रयागराज में होने जा रहे महाकुंभ को लेकर सियासी सरगर्मी भी देखने को मिल रही है. एक पक्ष महाकुंभ में मुसलमानों की एंट्री पर बैन की मांग कर रहा है. तो वहीं दूसरी तरफ से अलग-अलग बयान सामने आ रहे हैं. जिसके कारण सियासी सरगर्मी देखी जा रही है. अब इसको लेकर मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन ने कहा कि महाकुंभ वक्फ की जमीन पर आयोजित हो रहा है, हम कोई विरोध नहीं कर रहे हैं. उन्हें भी बड़ा दिल दिखाना चाहिए.
आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि प्रयागराज के निवासी सरताज ने दावा किया है कि कुंभ के मेले की जहां तैयारियां की जा रही हैं, वो जमीन वक्फ की है. ये जमीन लगभग 54 विघह है. मुसलमानो ने बड़ा दिल दिखाते हुए कोई आपत्ति नही की, कुंभ मेले के सारे इंतजाम इसी वक्फ की जमीन पर हो रहे हैं.
उन्होंने कहा कि मगर दूसरी तरफ अखाड़ा परिषद और दूसरे बाबा लोग मुसलमानों के प्रवेश पर पाबंदी लगा रहे हैं. ये तंग नजरी छोड़नी होगी. मुसलमानों की तरह बड़ा दिल दिखाना होगा.
मनोज मुंतशिर ने मुसलमानों से पूछे 5 सवाल
मनोज मुंतशिर ने एक वीडियो में कहा कि पांच सवालों का जवाब मिल जाए तो वो खुद सरकार को चिट्ठी लिखेंगे और अपील करेंगे कि सभी मुसलमानों को कुंभ में आदर-सम्मान के साथ आने दिया जाए.
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एंट्री पर विवाद क्यों छिड़ा
4 नवंबर को प्रयागराज में भारतीय अखाड़ा परिषद की बैठक हुई. इस बैठक में प्रस्ताव पास हुआ कि महाकुंभ मेले में सिर्फ सनातनियों को ही प्रवेश दिया जाए. कोई भी मुखौटा लगाकर गलत तरीके से कुंभ मेले में प्रवेश कर सनातन संस्कृति और परंपरा को दूषित कर सकता है. इस खतरे से निपटने के लिए समय रहते मेला प्रशासन और सरकार को चौकन्ना रहना होगा. इस बयान के बाद से ही लगातार महाकुंभ में मुसलमानों की एंट्री को लेकर विवाद छिड़ा हुआ है.
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