प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो (UPITS) के तीसरे संस्करण का शुभारंभ किया. यह ट्रेड शो ग्रेटर नोएडा के इंडिया एक्सपो मार्ट में 25 से 29 सितंबर तक आयोजित किया जाएगा. इस शो में प्रदेश की औद्योगिक, कृषि, सांस्कृतिक और इनोवेशन क्षमताओं का भव्य प्रदर्शन किया जाएगा. इस मेगा ट्रेड शो का उद्देश्य केवल निवेश और व्यापार को बढ़ावा देना नहीं है, बल्कि उत्तर प्रदेश को वैश्विक मंच पर स्थापित करना भी है.
प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रेड शो के उद्घाटन के दौरान कहा कि इस ट्रेड शो का लक्ष्य देश को आत्मनिर्भर बनाना है. ‘मेक इन इंडिया’ पर हमारा जोर है. हम किसी भी चीज को लेकर दूसरों पर निर्भर नहीं रहना चाहते. चिप से शिप तक भारत में ही बनाना चाहते हैं. उन्होंने अपने भाषण में कहा कि हम विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की ओर आगे बढ़ रहे हैं. पीएम ने बताया कि इस बार इंटरनेशनल ट्रेड शो में रूस भारत का साझेदार होगा.
स्टॉल में लगेगा एक जिले का एक उत्पाद
आयोजकों ने बताया कि हॉल नंबर-9 में सजने वाला एक जिला एक उत्पाद पवेलियन 343 स्टॉल हर जिले का एक फेमस उत्पाद पेश करेगा, जिसमें भदोही का कालीन, फिरोजाबाद का ग्लासवर्क, मुरादाबाद का मेटलवेयर और सहारनपुर की नक्काशी जैसे उत्पाद शामिल होंगे, जो ‘लोकल से ग्लोबल’ बनने तक की यात्रा को नई दिशा देंगे.
आयोजकों ने बताया कि यह पवेलियन न केवल शिल्प और हस्तकला को वैश्विक पहचान देगा, बल्कि स्टार्टअप, डिजाइनरों और अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के लिए नेटवर्किंग, व्यापारिक सौदे और साझेदारी के अवसर भी खोलेगा.
रूस होगा भागीदार देश
इस ट्रेड शो में इस बार रूस बतौर भागीदार देश शामिल हो रहा है. 26 सितंबर को रूसइंडिया बिजनेस डायलॉग आयोजित किया जाएगा, जिसमें भारत और रूस के उद्योगपतियों, वित्तीय संस्थानों, बीमा कंपनियों, शिक्षा क्षेत्र और सरकारी नीति-निर्माताओं के लिए एक साझा मंच उपलब्ध होगा. यह मंच उत्तर प्रदेश के उद्योगों और कारोबारियों के लिए एक नया अवसर लेकर आएगा.
हर संस्करण को मिली सफलता
इस ट्रेड शो के पहले संस्करण का उद्घाटन 2023 में राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने किया था. दूसरे संस्करण का उद्घाटन उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ द्वारा किया गया. वहीं आज इस मेगा ट्रेड शो का तीसरा संस्करण आयोजित हुआ है, जिसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया गया.
पहले और दूसरे आयोजन के दौरान यूपीआईटीएस ने आकार, संख्या और प्रभाव में दोगुना प्रगति की है. पहले आयोजन में लगभग 2 हजार प्रदर्शक और 400 विदेशी खरीदार आए थे, जबकि दूसरे संस्करण में 2 हजार से अधिक प्रदर्शक और 350 विदेशी खरीदार थे. इसके अलावा पांच लाख विजिटर्स भी शामिल हुए थे. इस मेगा ट्रेड शो के दौरान 2,200 करोड़ रुपये से अधिक के निर्यात ऑर्डर हुए थे, जिस वजह से निवेश और निर्यात का केंद्र बनाया गया. उम्मीद लगाई जा रही है कि इस तीसरे संस्करण में 2,500 से ज्यादा प्रदर्शक, 500 विदेशी खरीदार और पांच लाख से ज्यादा विजिटर्स के आने की उम्मीद है.
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