भोले भाले ग्रामीण लोगों के बैंक खाते खुलवा कर ऑनलाइन गेमिंग और आईपीएल सट्टेबाजों को बेचने वाले गिरोह का मध्यप्रदेश के जबलपुर की जीआरपी पुलिस ने पर्दाफाश किया है. जबलपुर रेल पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिसमें से एक आरोपी दिल्ली का रहने वाला है, जिसे मास्टरमाइंड माना जा रहा है. पूरे इस मामले के तार दुबई से जुड़े हुए है. जीआरपी पुलिस अब सायबर सेल की मदद से दिल्ली और दुबई में बैठे आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है.
दरअसल इस मामले की शिकायत दो मार्च को 23 वर्षीय संजय चौधरी मगरधा गोटेगांव, जिला नरसिंहपुर के द्वारा दर्ज कराई गई थी. एफआईआर के आधार पर शुरू हुई संजय ने बताया कि करीब एक महीने पहले गोटेगांव निवासी शुभम पटेल ने उसे सरकारी योजना के तहत 10,000 रुपये मिलने का प्रलोभन देकर उसका बैंक खाता खुलवाया था. शुभम ने खाता खुलवाने के बाद पासबुक, एटीएम कार्ड और सिम कार्ड अपने पास रख लिए. बाद में संजय को पता चला कि उसके खाते में पैसे डाले और निकाले जा रहे हैं.
कैसे हुआ खुलासा?
संजय को इस दौरान पता चला कि शुभम मदन महल स्टेशन में ट्रेनों के माध्यम से प्रतिदिन पार्सल रखने लेने के लिए आता है. ऐसे में जैसे ही शुभम पार्सल रखने के लिए पहुंचा तभी संजय भी मदन महल स्टेशन जा पहुंचा जहां दोनों के बीच वाद विवाद होने लगा. इस दौरान विवाद देख जीआरपी पुलिस भी मौके पर पहुंच गई. जहां संजय मौके से भागने लगा तभी जीआरपी पुलिस ने उसे पकड़ लिया और दोनों को पड़कर थाने ले आए तभी संजय ने बताया कि इन लोगों के द्वारा उसका खाता खोला गया है. साथ ही उसमें लाखों रुपए का लेनदेन किया है, जिसके बाद उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई.
पूछताछ में स्वीकार किया जुर्म
जबलपुर और गोटेगांव से गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकार किया है कि उन्होंने अब तक 47 बैंक खाते खोलकर उन्हें बेचा है. दिल्ली में बैठा मास्टरमाइंड इन खातों का उपयोग दुबई से धनराशि ट्रांसफर करने के लिए करता था. इन बैंक खातों के माध्यम से लाखों रुपये के लेन-देन का खुलासा हुआ है, जो ऑनलाइन गेमिंग और आईपीएल सट्टेबाजी से संबंधित थे. खाता खोलने के बाद, आरोपियों ने खातों के दस्तावेजों को पैसों के लालच देकर ट्रेन के अटेंडरों के माध्यम से दिल्ली भेजा.
आरोपियों से पूछताछ जारी
पूरे मामले में GRP जबलपुर में पदस्थ जांच अधिकारी अरुणा बहाने ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है. मामले की गहराई से जांच की जा रही है. पुलिस ने इस मामले में दिल्ली निवासी सनी अरोरा के साथ साथ शुभम पटेल और शुभम शर्मा, दोनों निवासी गोटेगांव, के खिलाफ धारा 318 (4), 61(2) BNS के तहत अपराध दर्ज किया है. गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है, और पुलिस को उम्मीद है कि आगे की पूछताछ में लेन-देन के आंकड़े और बढ़ सकते हैं.
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
